World Cerebral Palsy Day 2025: क्या है सेरेब्रल पाल्सी और इसके लक्षण कैसे होते हैं?
सेरेब्रल पाल्सी एक तरह का ब्रेन डिसऑडर्स है, जो शरीर के मूवमेंट, मांसपेशियों की टोन, पोस्चर और बैलेंस को प्रभावित करता है। यह बचपन में होने वाला सबसे आम मोटर डिसऑर्डर है। यह कोई बीमारी नहीं है बल्कि दिमाग में असामान्य विकास या डैमेज के कारण होने वाली एक परमानेंट कंडीशन है।
इस कंडीशन के बारे में लोगों को जागरूक बनाने के लिए हर साल अक्टूबर के पहले सोमवार को वर्ल्ड सेरेब्रल पाल्सी डे मनाया जाता है। इस साल यह दिन 6 अक्टूबर को मनाया जाएगा। आइए जानें यह कंडीशन क्या है, क्यों होती है और इसके लक्षण कैसे होते हैं।
- मांसपेशियों की टोन में असामान्यता- मांसपेशियां बहुत कठोर या बहुत ढीली हो सकती हैं।
- असामान्य गति- इसमें अनियंत्रित, झटकेदार हरकतें, या कंपन शामिल हैं।
- खराब कॉर्डिनेशन- चलने में अस्थिरता या हाथ-पैरों की गति में तालमेल की कमी।
- चलने में परेशानी- टांगों को क्रॉस करके या कैंची की तरह चलते हैं, पैर की उंगलियों पर चलना या चलने या खड़े होने में बैलेंस न बना पाना।
- विकास में देरी- बच्चा समय पर बैठना, क्रॉल करना या चलना नहीं सीख पाता है।
- शरीर के एक हिस्से का इस्तेमाल- बच्चा दूसरे हाथ या पैर की तुलना में एक तरफ का ज्यादा इस्तेमाल करता है।
- बोलने में परेशानी- आवाज को नियंत्रित करने वाली मांसपेशियों की कमजोरी के कारण बोलने में परेशानी।
- निगलने में समस्या- खाने या पीने में कठिनाई, ज्यादा लार टपकना।
- दौरे- कुछ बच्चों में मिर्गी के दौरे पड़ सकते हैं।
- दर्द- मांसपेशियों की अकड़न और जोड़ों में दर्द या असुविधा।
सेरेब्रल पाल्सी का कोई इलाज नहीं है, लेकिन सही इलाज और देखभाल से बच्चे की जीवन की गुणवत्ता को बेहतर बनाया जा सकता है।
