गाजा में हमास से आमने-सामने की लड़ाई लड़ रही इजरायली सेना, फलस्तीन राष्ट्रपति ने इस बात पर जताई चिंता
यरुशलम : इजरायली सेना गाजा सिटी के भीतर पहुंच गई है और वहां कई स्थानों पर उसकी हमास लड़ाकों से आमने-सामने की लड़ाई हो रही है। गुरुवार को इजरायली कार्रवाई में गाजा सिटी समेत पूरी गाजा पट्टी में 19 लोग मारे गए हैं।
इस बीच संयुक्त राष्ट्र महासभा की बैठक में भाग लेने के लिए इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू न्यूयॉर्क के लिए रवाना हो गए हैं। वह वाशिंगटन जाकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात भी करेंगे। इस मुलाकात में गाजा में युद्धविराम के संबंध में महत्वपूर्ण निर्णय लिया जा सकता है।
इजरायली वायुसेना के लड़ाकू विमानों ने गुरुवार को यमन की राजधानी सना पर हमला किया। इन हमलों में हाउती संगठन के प्रमुख सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया गया।
इजरायली रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज ने कहा है कि हमने हाउती के कई आतंकी ठिकानों को निशाना बनाकर उन्हें बर्बाद कर दिया है। यह हमला हाउती के इजरायल के एइलात शहर पर किए गए ड्रोन हमले के जवाब में किया गया है। ड्रोन हमले में 22 लोग घायल हुए थे।
अमेरिका द्वारा वीजा नहीं दिए जाने के कारण रामल्लाह शहर से वीडियो के माध्यम से संबोधन में अब्बास ने कहा, सात अक्टूबर 2023 को इजरायल पर हुए हमास के हमला का हम समर्थन नहीं करते।
गाजा फलस्तीन का अभिन्न अंग है
उन्होंने कहा, गाजा फलस्तीन का अभिन्न अंग है। हम वहां शासन और सुरक्षा की पूरी जिम्मेदारी लेने के लिए तैयार हैं। हमास की शासन में कोई भूमिका नहीं होगी। उसे अपने हथियार फलस्तीनी राष्ट्रीय प्राधिकरण को सौंपने होंगे। हम सशस्त्र राष्ट्र नहीं चाहते।
अब्बास ने संयुक्त राष्ट्र महासभा को बताया कि गाजा में फलस्तीनी नरसंहार, विनाश, भुखमरी और विस्थापन का सामना कर रहे हैं। उन्होंने विश्व के उन नेताओं को धन्यवाद दिया जो फलस्तीनियों के पक्ष में खड़े हैं। इजरायली विदेश मंत्री गिदोन सार ने अब्बास की टिप्पणी को पश्चिम को खुश करने वाली खोखली बयानबाजी करार दिया।
